Broken Heart Shayari

दिल ने सोचा था कि उसे टूट कर चाहेंगे,

सच मानो, टूटे भी बहुत, चाहा भी बहुत।

लोगों को आह लगती है,

तुझे तो मेरा सब्र लगेगा।

लोग शामिल थे और भी लेकिन,

दिल तेरी कोशिशों से टूटा है।

जब लिख ही दिया है तूने मेरा नाम रेत पर,

मिटने का फिर मेरे तू तमाशा भी देख ले।

जी चाहता है चीर के रख दूँ तुझे ऐ दिल,

न वो रहे तुझमें और न तू रहे मुझमें।

इस दिल ने अब प्यार करना छोड़ दिया,

जिस दिन से तुमने यह दिल तोड़ दिया,

अब तो रो भी नहीं सकते अपनी बेबसी पे,

इन आँखों ने अब रोना भी छोड़ दिया।

कैसी ये चाहत तूने मेरे दिल में जगा दी है,

जिसने दिल तोड़ा उसे जी भर के दुआ दी है।

क्यूँ न सज़ा मिलती हमें मोहब्बत में,

आखिर हम ने भी तो बहुत दिल तोड़े तेरी खातिर।

अपने सारे सपने तोड़कर बैठे हैं,

दिल के अरमान छोड़कर बैठे हैं,

न कीजिये हमसे वफा की बातें,

अभी तो दिल के टुकड़े जोड़कर बैठे हैं।

जाने क्या मुझसे ज़माना चाहता है,

मेरा दिल तोड़कर मुझे हँसाना चाहता है,

जाने क्या बात है मेरे इस चेहरे से,

हर शख्स मुझे आज़माना चाहता है।

इतनी क्या जल्दी है मुझे छोड़ने की,

अभी तो हद बाकी है मुझे तोड़ने की।

वो शख्स फिर से दिल तोड़ गया आज,

जिसे कभी हम पूरी दुनिया कहा करते थे।

तुम्हारा क्या बिगाड़ा था जो तुमने तोड़ डाला है,

ये टुकड़े मैं नहीं लूँगा मुझे तुम दिल बना कर दो।

टूटा दिल तो गम कैसा,

वो चल दिये तो सितम कैसा,

मन भरा यार बदले,

बेवफा हुए साफ,

तो फिर इश्क का भ्रम कैसा?

तुम पूछो और मैं न बताऊँ ऐसे तो हालात नहीं,

एक जरा सा दिल टूटा है और तो कोई बात नहीं।

कुछ मोहब्बत का नशा था पहले हमको,

दिल जो टूटा तो नशे से मोहब्बत हो गई।

कभी पत्थर की ठोकर से भी नहीं आती खराश,

कभी एक जरा सी बात से इंसान बिखर जाता है।

अपनी आँखों को नोच डाला है,

ख्वाब आया था फिर मोहब्बत का।

जो सिल सके मेरा टूटा दिल,

मुझे उस रफूगर की तलाश है।

छोड़ो ना यार, क्या रखा है सुनने सुनाने में,

किसी ने कसर नहीं छोड़ी दिल दुखाने में।

उसे बोल दो कि मेरे ख्वाबों में न आया करे,

रोज आँख खुलती है और दिल टूट जाता है।

रेजा रेजा है अक्स मेरा, मगर हैरत ये है,

है मेरा आईना सलामत, तो फिर टूटा क्या है।

चलो मान लिया,

मुझे मोहब्बत करनी नहीं आती,

लेकिन ज़रा ये तो बताओ,

तुम्हे दिल तोड़ना किसने सिखाया?

बिन बात के ही रूठने की आदत है,

किसी अपने का साथ पाने की चाहत है,

बस आप खुश रहें मेरा क्या है,

मैं तो आइना हूँ मुझे टूटने की आदत है।

दिल टूटने पर भी जो शख्स

शिकायत तक न करे,

उस शख्स की मोहब्बत में

कमियां न निकाला कर।

तो ये तय है कि अब उम्र भर नहीं मिलना,

तो फिर ये उम्र ही क्यूँ गर तुझसे नहीं मिलना।

कोई कुछ भी न कहे तो पता क्या है,

इस बेचैन खामोशी की वजह क्या है,

उन्हें जा के कोई कहे हम ले लेंगे जहर भी,

वो सिर्फ ये तो बता दें मेरी खता क्या है।

दिल कोई फूल नहीं है कि अगर तोड़ दिया,

शाख़ पर इससे भी खिल जाएगा अच्छा कोई।

तुझसे बहुत कहा था कि मुझे अपना न बना,

अब दिल मेरा तोड़ कर मेरा तमाशा न बना।

अच्छा किया जो तोड़ दिया तुमने दिल मेरा,

इसको भी बहुत गुरूर था तुम्हारे प्यार पे।

आज किसी ने ये बात कह के दिल तोड़ दिया,

कि लोग तेरे नहीं तेरी शायरी के दिवाने हैं।

हमारे दिल से आज धुआँ निकल रहा है,

लगता है उसने मेरे ख्वाबों को जला डाला है।

टूटे हैं शीशा दिल हाय दिल इतने कि अहल-ए-दर्द,

रखते हैं पाँव खाक पर सौ बार देख कर।

दिल टूटेगा तो फ़रियाद करोगे तुम भी,

हम न रहे तो हमें याद करोगे तुम भी,

आज कहते हो कि हमारे पास वक़्त नहीं है,

एक दिन मेरे लिए वक़्त बर्बाद करोगे तुम भी।

शीशा टूटे और बिखर जाये वो बेहतर है,

दरारें न जीने देती हैं न मरने देती हैं।

कोई उम्मीद नहीं थी हमें उनसे मुहब्बत की,

एक ज़िद थी कि दिल टूटे तो सिर्फ उनके हाथ से टूटे।

नाराज क्यों होते हो चले जायेंगे बहुत दूर,

जरा टूटे हुए दिल के टुकड़े तो उठा लेने दो।

टूटा दिल और धड़कन को एहसास ना रहा,

पास होकर भी वो दिल के पास न रहा,

जब दूर थी तो, जान थी मेरी,

आज जब हम क़रीब आये तो वो एहसास ना रहा।

साला दिल तो सीने में होता है... पर

जब टूटता है, तो दर्द पूरे जिस्म में होता है।

इश्क़ में मेरा इस कदर टूटना तो लाजमी था,

काँच का दिल था और मोहब्बत पत्थर से की थी।